विरोध के कारण अजमेर लिटरेचर फेस्टिवल में नहीं पहुंचे नसीरूद्दीन शाह

अजमेर लिटरेचर फेस्टिवल-2018 का मूलचंद चौहान पटेल इंदौर स्टेडियम में आगाज हुआ

अजमेर लिटरेचर फेस्टिवल-2018 का मूलचंद चौहान पटेल इंदौर स्टेडियम में आगाज हुआ, 23 दिसम्बर तक चलने वाले इस साहित्योत्सव का उद्घाटन मशहूर फिल्म अभिनेता नसीरुद्दीन शाह करने वाले थे लेकिन भारतीय जनता युवा मोर्चा व अन्य हिंदूवादी संगठनों के विरोध के चलते शुक्रवार को फिल्म अभिनेता नसीरूद्दीन शाह अजमेर लिटरेचर फेस्टिवल में भाग नहीं ले सके।
दी लिटरेरी सोसाइटी ऑफ इंडिया द्वारा आयोजित त्रिदिवसीय साहित्यिक महाकुंभ में लेखक, विचारक, पत्रकार और बुद्धिजीवी साहित्य, सिनेमा, पत्रकारिता सहित कई मुद्दों पर विचार विमर्श करेंगे।
फेस्टिवल की मीडिया सेल ने बताया आने वाले दो दिन में गांधीवादी चिंतक डॉ सुधीर चंद्र, लंदन से पत्रकार एवं स्तंभकार डॉ. आलम परवेज, बीबीसी की हिंदी विभाग प्रमुख अचला शर्मा, एनडीटीवी से अभिज्ञान प्रकाश, प्रसिद्ध व्यंग्यकार प्रदीप चौबे, पत्रकार पुण्य प्रसून वाजपेयी, प्रसिद्ध शायर अशोक लाल, सुप्रसिद्ध युवा गीतकार मनीषा शुक्ला, अमन अक्षर, लेखिका कोमल आहूजा, कहानीकार दिव्या विजय, अजमेर से डॉ नवलकिशोर भाभड़ा, सुरेन्द्र चतुर्वेदी, गोपाल गर्ग, शमा खान, संदीप अवस्थी, विमलेश शर्मा, उमेश चौरसिया, गौरव दुबे सहित अनेक कवि और साहित्यकार भाग लेंगे।
नसीर ने एक इंटरव्यू में गाय पर विवादित बयान दिया था, इस पर उनका विरोध हो रहा है, हिंदू संगठनों ने उनके विरोध में जमकर नारेबाजी की तथा अजमेर लिटरेचर फेस्टिवल में लगे बैनर-पोस्टर फाड़े व जला डाले।
नसीरूद्दीन शाह यहां इंडोर स्टेडियम में होने वाले अजमेर लिटरेचर फेस्टिवल में शिरकत करने अजमेर पहुंचे थे, भाजपा युवा मोर्चा व अन्य हिंदूवादी संगठन वहां नसीरूद्दीन शाह का विरोध करने लगे, उनका कहना था कि नसीरूद्दीन ने हाल ही बयान देकर भारत माता का अपमान किया है।
नसीरूद्दीन ने समारोह में शिरकत नहीं की, वे अपनी पत्नी रत्ना पाठक के साथ सेंट एंसलम स्कूल पहुंचे थे, नसरूद्दीन इस स्कूल के पासआउट हैं।
अभिनेता नसीरुद्दीन शाह ने हाल ही उत्तरप्रदेश में भीड़ द्वारा की गई हिंसा का हवाला देते हुए कहा था, कई जगहों पर एक गाय की मौत को एक पुलिस अधिकारी की हत्या से ज्यादा तवज्जो दी गई, उन्होंने अपने बच्चों की सुरक्षा को लेकर भी चिंता जताई थी।
नसीरुद्दीन का कहना है कि उन्होंने अपने बच्चों को किसी खास धर्म की शिक्षा नहीं दी है, नसीरुद्दीन ने 'कारवां-ए-मोहब्बत इंडिया' द्वारा किए गए वीडियो साक्षात्कार में यह टिप्पणी की थी।
मामला बढ़ता देख नसीरुद्दीन बोले, जिस मुल्क में मैं रहता हूं उससे प्यार करता हूं, इसके बारे में अपनी राय जाहिर करके मैंने क्या गुनाह किया।
Share on Google Plus

About CR Team

Dainik Chamakta Rajasthan to provide lightning fast, reliable and comprehensive informative information to our visitors in the form of news and articles.

0 comments:

Post a Comment